फ्रेंड्स, मेरा नाम रेशमा है और मैं एक शादीशुदा लड़की हूँ. मेरी उम्र 26 साल है. मैं दिखने में सिंपल-सी लड़की हूँ. मेरा रंग सांवला है और एक साल पहले मेरा फिगर 32-28-34 था.
आज मैं इस साइट पर आज पहली बार आपके साथ अपनी सच्ची सेक्स कहानी शेयर कर रही हूँ.
अब पूरे एक साल बॉयफ्रेंड से चुदाई करवा कर आज मेरा फिगर 34-30-36 का हो गया है.
पूरे एक साल तक अपनी अच्छे से मरवा कर मैंने ये साइज़ बनवाया है.
यह हॉट गर्ल बॉयफ्रेंड सेक्स कहानी एक साल पहले की है.
मैं सोलापुर जिले के एक छोटे से गांव की लड़की हूँ. स्कूल की पढ़ाई खत्म होने के बाद आगे की पढ़ाई के लिए मैं अपने मामा के घर सोलापुर शहर आई.
कॉलेज में एडमिशन लेकर मैंने अपनी आगे की पढ़ाई शुरू कर दी.
कॉलेज शुरू हुआ तो मेरी बहुत सारी लड़कियों से दोस्ती हो गई. उसी दौरान कॉलेज में एक लड़का था जो कि पढ़ाई में काफी होशियार, समझदार और बहुत ही स्मार्ट बंदा था.
पहले दिन से ही उसने टीचर्स के साथ-साथ पूरे क्लास का दिल जीत लिया था. पढ़ाई के साथ-साथ हर एक्टिविटी में वह सबसे आगे रहता था.
उसका नाम रोहन था. वैसे वह हैंडसम तो नहीं था … काला-सांवला, चश्मा लगाया हुआ, लेकिन अच्छी बॉडी वाला लड़का था. उसकी स्मार्टनेस की वजह से कॉलेज की हर लड़की उसकी फ्रेंड बन चुकी थी.
मैं भी अपनी बाकी सहेलियों के साथ उसके साथ बैठती, बातें करती, हंसी-मज़ाक करती. लेकिन रोहन मेरे साथ ज्यादा बात नहीं करता था.
मेरी बाकी सहेलियों के साथ तो वह चिपक कर बैठता, गले में हाथ डालकर बैठता, खूब मस्ती-मज़ाक करता था.
ऐसे ही कॉलेज के कुछ महीने बीत गए. एक दिन मेरी फ्रेंड ने कहा- रेशमा, रोहन तुझसे बात करना चाहता है. बाजू वाले क्लास में है, जाकर मिल ले.
मैं जैसे ही मिली, शुरू में इधर-उधर की बातें हुईं. फिर उसने मुझे प्रपोज़ कर दिया मैंने बिना सोचे-सोचे उसे रिजेक्ट कर दिया और वहां से चली गई.
उसके रिजेक्ट करने के बाद बहुत दिनों तक उससे बात नहीं हुई. वह मेरे सारे दोस्तों के साथ हमेशा मस्ती-मज़ाक करता था, लेकिन मुझे पूरी तरह इग्नोर करता था.
ऐसे ही 5-6 महीने बीत गए. फिर एक दिन उसने दोबारा मुझे प्रपोज़ किया. इस बार मैं उसे मना नहीं कर पाई.
फिर उसने अपने दोस्तों से क्लास के बाहर नज़र रखने को कहा और हम दोनों खाली क्लासरूम में अकेले मिलने लगे.
थोड़े दिनों बातचीत करने के बाद हम चुम्मा चाटी पर आ गए. पूरे 2 साल तक हमने सिर्फ़ किस ही की … बाकी कुछ हुआ ही नहीं.
कॉलेज खत्म हुआ और आगे की पढ़ाई के लिए वह मुंबई चला गया. बस हमारे बीच फोन पर बातें होती रहीं.
इसी बीच मेरे घर वालों ने मुझे रंगे हाथों पकड़ लिया. मेरा फोन छीनकर तोड़ दिया गया और कुछ ही महीनों में मेरी शादी कर दी गई.
रोहन इसी बीच मुझे मिलने मेरे गांव आया था. लेकिन तब तक मेरी शादी तय हो चुकी थी. बदनामी के डर से मैं उसे मिल नहीं पाई और वह वापस चला गया.
फिर मेरी शादी हुई, पर मुझे ये शादी और मेरा होने वाला हसबैंड बिल्कुल पसंद नहीं था. घर वालों के दबाव में मैंने शादी कर ली.
न चाहते हुए भी वह मेरे साथ जबरदस्ती सेक्स किया करता था. इसी बीच मुझे दो बच्चे भी हो गए.
पर मैं रोहन के प्यार के लिए तड़पती रही. मेरी ये इच्छा 7 साल बाद पूरी हुई.
लॉकडाउन खुलने के 2-3 महीने बाद मुझे फेसबुक पर रोहन की फ्रेंड रिक्वेस्ट आई. मैं बहुत ज्यादा खुश हो गई. फिर मैंने उसका मोबाइल नंबर ले लिया.
दो-तीन दिन बाद मैंने सहेली के नंबर से उससे कॉन्फ्रेंस कॉल पर बात की. हमारी बातें फिर से शुरू हो गईं.
वह आज भी मुझसे बहुत प्यार करता है और उसने मेरे अलावा किसी दूसरी लड़की को प्रपोज़ भी नहीं किया.
मुझे उसका ये स्वभाव बहुत पसंद आया और मैंने ठान लिया कि एक बार रोहन से ज़रूर मिलूँगी.
फिर मैंने उसे 4 दिन बाद समय दिया और मिलने चली गई. मेरे पति से मैंने कहा- मेरी सहेली से मिलने जाना है, तो आप मुझे उसके घर छोड़ दो.
पति सहेली के घर छोड़कर चला गया. मैं वहां से रोहन से मिलने निकल गई.
रोहन मुझे लेने आया था. मैं उसकी गाड़ी पर बैठकर शहर के बाहर एक लॉज में गई.
जैसे ही हम रूम में गए, उसने दरवाज़ा बंद कर दिया.
पीछे मुड़ते ही मैं उसे गले लगकर रोने लगी. वह भी रोने लगा.
ऐसे ही थोड़ी देर बाद हम होश में आए तो बेड पर बैठ गए. उसने मुझे मेरे दोनों गालों पर दो तमाचे मारते हुए कहा- तुमने मुझे धोखा दिया!
मैंने उसे सॉरी बोलते ही हम दोनों का किस शुरू हो गया … पता ही नहीं चला. कुछ देर हम किस करते रहे.
फिर उसने मुझे अपनी बांहों में उठाकर बेड पर लिटा दिया और मैं उसके ऊपर चढ़ गई. आधा घंटा किस करते-करते कब हमारे दोनों के कपड़े निकल गए … कुछ पता ही नहीं चला.
अब मैं नीचे और वह मेरे ऊपर आ गया. वह मेरे गालों पर, गर्दन पर किस करते-करते मेरे बूब्स पर आया.
उसने मेरे बूब्स इतने ज़ोर-ज़ोर से चूसना शुरू कर दिए थे कि मैं पूरी तरह पागलों की तरह हरकतें करने लगी.
उसने मेरे बूब्स को इतना काटा और चूसा कि मेरी चूत से पानी निकलने लगा.
मैंने अपने पैरों से उसे नीचे धकेलती हुई चली गई. रोहन मेरे पेट को चाटते-चाटते मेरी जांघें चबाने लगा.
मेरा कंट्रोल छूटते ही मैंने उसका सिर पकड़ कर अपनी चूत पर लगा दिया.
रोहन- मैंने आज से पहले किसी को चोदा नहीं … किसी की चूत देखी नहीं यार, तेरी चूत ने मुझे पागल कर दिया.
मैं- हां राजा, मैंने भी कभी चूत नहीं चटवाई. मेरा पति बहुत बार चाटने की कोशिश करता है, पर मैंने हर बार उसे मना किया है. मेरी इस चूत का असली राजा तू ही है! वह मेरी चुत में ही लगा था.
मैं बोल रही थी- चाट दे राजा बहुत सालों से प्यासी हूँ … आज तुझे फुल मज़ा देकर तेरी रानी बन कर रहूँगी!
वह मेरी चूत में उंगली डालकर आगे-पीछे करने लगा और ज़ोर-ज़ोर से चाटने लगा. अपनी ज़ुबान अन्दर डालकर मेरे अन्दर की पूरी गर्मी को अपनी मुँह से बाहर खींच-खींचकर पीने लगा.
जब ये सब चल रहा था तो मुझे उसके लंड पर ध्यान नहीं था. अब मुझे लंड की ज़रूरत थी तो मैंने उसे बोला- दे अपना लंड!
जैसे ही मैंने यह कहा, वह उठकर मेरी छाती पर बैठ गया और उसने अपना लंड मेरे मुँह पर रख दिया. मैं तो डर गई. मैंने कहा- ये इतना मोटा और लंबा कैसे?
रोहन- मेरी जान, मेरा तो साइज़ ही इतना है. क्या तुमको पसंद नहीं आया?
मैं- जब मैंने देखा तो नॉर्मल 4-5 इंच दिखा था … पर अब तो ये 3 इंच ज़्यादा मोटा और 7 इंच लंबा है … मैं तो मर जाऊंगी!
रोहन- कुछ नहीं होगा, तुम्हें मज़ा आएगा. तुम्हारे पति का तो तुमने लिया ही पहले … फिर डरती क्यों हो?
मैं- अरे उस भड़वे का लंड किसने देखा है … चूतिया है वह. मैंने तो हाथ भी नहीं लगाया है. लाइट बंद करके मैंने उससे सेक्स किया है!
रोहन- कोई बात नहीं रानी, इसे मुँह में लेकर चूस लो … तुम्हें मज़ा आएगा!
मैंने भी लंड मुँह में लेकर मस्त चूसना शुरू कर दिया. रोहन आंखें बंद करके मज़ा ले रहा था.
शुरू में मुझे अजीब लगा, पर उसका स्वाद बेहद पसंद आया. मैं पूरा गले तक लंड ले रही थी और वह ‘आह … आह … आह … ’ की आवाजें कर रहा था.
मुझे उसका लंड इतना पसंद आया कि मैंने उससे बोला- घोड़ी बन जा! वह आश्चर्य से देखने लगा.
मैं- अरे बाबा तुम घोड़ी तो बनो, मैं तुम्हें जन्नत की सैर करवाती हूँ. वह बेड पर घोड़ी बन गया.
मैं बेड के नीचे उतर कर उसकी गांड की तरफ़ मुँह करके बैठ गई. अपने दोनों हाथों से उसकी गांड फैलाकर उसकी गांड के छेद को सूंघने लगी.
आज तक मैंने ऐसा गंदा सेक्स कभी नहीं किया था पर पता नहीं मेरे दिमाग में ये शैतानी विचार कैसे घुस गए थे. उस दिन मुझे ये सब करना बहुत अच्छा लग रहा था.
रोहन की गांड के छेद को सूंघकर मुझे अजीब-सा नशा चढ़ गया. मैं अपनी ज़ुबान उसके छेद में डालकर अन्दर-बाहर करने लगी, चाटने लगी.
उसके छेद में थूककर चारों तरफ़ फैलाकर चाटने लगी. छेद के साथ-साथ उसकी दोनों गुठलियों को बारी बारी मुँह में पूरा भरकर चूसने लगी. पीछे से उसका लंड खींचकर चाटने और चूसने लगी.
इसी बीच मैं दोबारा झड़ गई. अब मैं झट से अपने दोनों टांगें हवा में उठाकर लेट गई.
मैंने रोहन से बोला- चोद दे मेरे राजा .. फाड़ दे मेरी चूत!
उसने 4-5 बार चूत चाटकर ज़ुबान से साफ़ किया और अपना बड़ा लंड मेरी चूत की दरार में रगड़ने लगा. मैं इतनी गर्म हो गई थी कि बर्दाश्त नहीं हो रहा था.
आखिरकार रोहन ने एक झटके में अपना पूरा लंड मेरी चूत में पेल दिया. मैं चिल्ला पड़ी- ऊऊम्म्म … मर गई रे राजा तेरी रानी मर गई!
वह एक मिनट रुककर मेरी चूचियों को मसलने लगा, फिर वह ताबड़तोड़ चुदाई करने लगा.
मुझे ऐसे चुदाई का अनुभव नहीं था पर प्यार की चुदाई में सब बर्दाश्त करके मैं उसका आनन्द लेने लगी.
उसे खींचकर किस करने लगी, बारी-बारी से अपने दोनों चूचे उसके मुँह में देने लगी.
अब वह अपने दोनों हाथों के बल पर खड़ा हो गया और अपने आधे घुसे लंड से ही मुझे चोदने लगा. मुझे उसके लंड की रगड़न से मज़ा आने लगा. मैं अपनी गांड उठाकर उसके लंड का मज़ा लेने लगी.
यह देखकर रोहन समझ गया कि मुझे लौड़े से मज़ा आ रहा है तो उसने एक ज़ोरदार शॉट मारा और उसका पूरा लंड मेरी चूत में घुस गया. पूरा लंड लेकर मैं कांप गई थी लेकिन कुछ देर बाद सहज हो गई.
अब रोहन बड़े प्यार से मेरी चूत मार रहा था. मैंने करीब आधा घंटा तक उसके लौड़े से अपनी चूत चुदवाई.
इसी बीच मैं दो बार झड़ गई, पर रोहन रुका नहीं.
अब मेरी चूत में जलन होने लगी. मैंने उसे रोका. मैं बहुत ज़्यादा थक गई थी.
रोहन ने मुझे घोड़ी बनने को कहा तो मैं झट से बन गई. उसको मेरी गांड इतनी पसंद आ गई कि अपना मुँह मेरी गांड पर फेरने लगा, छेद को ज़ुबान की नोक से चाटने लगा. मैं फिर से गर्म हो गई.
मेरी गांड के छेद को अपनी ज़ुबान से चोदने लगा. बीच-बीच में मेरी गांड की तारीफ करने लगा.
उसके तारीफ भरे शब्द मुझे बहुत अच्छे लगने लगे. मेरी चूत के साथ-साथ गांड चाट रहा था.
अचानक उसने अपना लंड मेरी गांड में घुसेड़ दिया, पर लंड फिसल गया. मेरी गांड बहुत टाइट थी. मैंने कभी गांड नहीं मरवाई थी.
पहली बार में उसका लंड अन्दर नहीं घुसा था, तो उसने बहुत सारा थूक मेरी गांड और लंड पर लगाकर दोबारा डाला.
आधे से ज़्यादा घुसने के बाद एक ज़ोर का झटका गांड में मारा. मैं तिलमिला उठी- आई ईईई … ईई ईई … ऊऊ ऊहहह मर गई आह्ह निकालो … आआ मेरी गांड!
कुछ देर बाद मुझे भी मज़ा आने लगा. फिर तो मैं मस्ती से गांड मरवाने लगी. रोहन ने पूछा- अब कैसा लग रहा है?
मैं बोली- जानू कसम से मज़ा आ रहा है … ज़ोर-ज़ोर से चोदो … आह मेरी गांड फाड़ दो आज … तुम जो कहोगे वह मैं करूँगी … आज के बाद मैं तुम्हारी हूँ … आह्ह और ज़ोर से चोदो … और ज़ोर से चोदो!
मैंने लगभग 20 मिनट तक अपनी गांड ज़ोर-ज़ोर से मरवाई. फिर उसने मुझे सीधा कर दिया और मेरे बूब्स पर आ बैठा. जबरदस्ती मुँह खुलवा कर मेरे मुँह में ही झड़ गया.
उसने झटके के साथ वीर्य की लंबी-लंबी पिचकारी मेरे मुँह में छोड़ना शुरू कर दीं उसके वीर्य से मेरा मुँह भर गया और मैं रस से सराबोर हो गई.
वह निढाल होकर मेरे ऊपर गिर गया. मैंने पूरा वीर्य गटक लिया और चाट-चाट कर उसके लंड से चूस-चूस कर वीर्य पीती रही. मैंने ज़िंदगी में पहली बार वीर्य पिया था.
रोहन ऐसे ही 10 मिनट तक मेरे मुँह में लंड डालकर पड़ा रहा.
फिर उसे साइड करके मैं बाथरूम गई. उधर से अपनी चूत, गांड, मुँह आदि साफ करके वापस आई.
रोहन ने पहली बार सेक्स किया था, इसलिए वह सो गया था. मुझे भी ऐसी गंदी चुदाई करके बहुत मज़ा आया था.
मेरे पास अभी एक घंटा था इसलिए मैं फिर से चुदाई करना चाहती थी. पर रोहन थकान के कारण सो गया था.
मैं रुकी नहीं. मैंने उसे ऐसे ही नींद में उसके दोनों पैर खींच कर बेड के नीचे रख दिए.
उसका आधा शरीर बेड पर, आधा बेड के बाहर था मैं तुरंत नीचे बैठ गई. उसके दोनों पैर फैला कर उसका लंड मुँह में लेकर लॉलीपॉप जैसे चूसने लगी और लंड बड़ा होता गया.
लंड के साथ-साथ मैं उसके अंडकोष भी चूसने लगी. मस्त चूसने के बाद बहुत सारा थूक लंड पर लगाया … साथ-साथ अपनी चूत पर भी लगाया.
फिर लंड पर चूत रगड़-रगड़ अन्दर डाल लिया. पहले धीरे-धीरे चूत अन्दर-बाहर करने लगी.
जैसे मेरा कंट्रोल छूटा तो लंड पर ज़ोर-ज़ोर से कूदने लगी. तभी रोहन की आंख खुल गई.
झट से मैंने उसे लिप किस करके ज़ोर-ज़ोर से अपनी कमर हिलानी शुरू कर दी. वह भी अपने हाथों से मेरी गांड पर तमाचे मार-मार कर ज़ोर-ज़ोर से लंड पर कुदवाने लगा.
दस मिनट ऐसे चुदाई करके वापस बेड पर आकर मैंने उसके लंड पर रिवर्स बैठकर ज़ोर-ज़ोर से अपनी गांड हिलानी शुरू कर दी. मुझे इतना ज्यादा जोश चढ़ा था कि मैं 2 बार लंड पर झड़ गई.
मैं रुकने का नाम नहीं ले रही थी. रोहन का लंड भी अब दुखने लगा था.
वह मुझे बार-बार उठने को बोल रहा था, पर मैं मान नहीं रही थी. उसने मेरी कमर पकड़ कर झट से उठाया और मुझे बेड पर घोड़ी बनाया … वह फिर से मेरी चूत चोदने लगा.
मैं चुदाई में मस्त होकर बोल भी रही थी- आह्ह चोदो मेरे राजा … मुझे जमकर चोद दो … बुझा दो मेरी चूत की आग. मैं ऐसी चुदाई करवाने के लिए सालों से तड़प रही हूँ … साला मेरा मर्द मुझे ऐसे कभी चोद ही नहीं पाया … जैसे तू मुझे सांड की तरह चोद रहा है … आज से मैं तेरी ही हूँ तू जब चाहे तब मुझे चोद सकता है! वह हंस दिया.
मैं बोली- हां तू मुझे रोज़ ऐसे ही चोद देना … मैं तेरी रंडी बनकर रोज़ चुदवाऊंगी … आह मेरी चूत के मालिक चोद दे मुझे आह्ह और ज़ोर से चोद … आह्ह! वह मुझे चोदता रहा.
इस बीच मैं एक बार और झड़ चुकी थी चूत के साथ-साथ गांड की भी मस्त ठुकाई हुई.
जैसे ही उसका माल निकलने वाला था, मैं घूमकर बैठ गई.
अपने मुँह में अपने प्रेमी का लंड लेकर खूब चूसा. जब लंड ने वीर्य उगला तो सारा वीर्य मैंने गटक लिया.
इसी तरह हॉट गर्ल बॉयफ्रेंड सेक्स का मजा मैंने लगातार 2 घंटे लिया. फिर एक घंटा आराम करके हम लॉज से निकल गए.
अभी तो मैं रोहन, अपने यार का लंड किसी भी तरह छोड़ना नहीं चाहती हूँ. जब भी मुझे मौका मिलता है, तो मैं उससे चुदाई करवाती हूँ.
अब ये रेशमा संस्कारी पत्नी, बहू … से चुदक्कड़ रेशमा कैसे बनी … और पूरे एक साल अपने बॉयफ्रेंड से कहां-कहां और कैसे चुदाई की … ये आगे बताऊंगी.